नागपुर समाचार : केंद्रीय बजट 2026-27 एवं आयकर अधिनियम 2025 के प्रावधानों की जानकारी आमजन तक पहुंचाने के उद्देश्य से नागपुर में एक विशेष सेमिनार का आयोजन किया गया। सेमिनार में बजट के मध्यम वर्ग, सहकारी संस्थाओं और जनहित से जुड़े पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में नागपुर दक्षिण के विधायक श्री मोहन मते तथा महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री के ओएसडी श्री सुनील मित्रा उपस्थित रहे। मुख्य वक्ता सीए श्रीकांत दुबे, महामंत्री भाजपा नागपुर शहर एवं सदस्य, नियामक मंडल महाराष्ट्र सहकारी संस्थाएं, पुणे ने बजट की प्रमुख विशेषताओं को सरल शब्दों में समझाया।

उन्होंने बताया कि नई कर व्यवस्था के तहत ₹4 लाख तक की वार्षिक आय को पूरी तरह कर-मुक्त किया गया है, जिससे मध्यम वर्ग को सीधा लाभ मिलेगा। विदेश में शिक्षा, इलाज और पर्यटन के लिए भेजी जाने वाली राशि पर टीसीएस की दर 5 प्रतिशत से घटाकर 2 प्रतिशत कर दी गई है। सहकारी बैंकों द्वारा सदस्यों को दिए जाने वाले ब्याज पर टीडीएस समाप्त किए जाने से सहकारी क्षेत्र को मजबूती मिलेगी।
कैंसर की 17 दवाओं पर सीमा शुल्क हटाने और सोलर पैनल उपकरणों को सस्ता करने जैसे निर्णयों को जनहितकारी बताया गया। कार्यक्रम में भाजपा के वरिष्ठ पदाधिकारी, नगरसेवक व कार्यकर्ता बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। आयोजन को सफल बनाने में नागपुर सिटी मल्टीस्टेट को-ऑपरेटिव क्रेडिट सोसाइटी लिमिटेड के पदाधिकारियों व कर्मचारियों का विशेष योगदान रहा।




